रायगढ़ । कुछ दिन पहले अटल परिसरों में लगी पूर्व प्रधानमंत्री स्व. अटल बिहारी वाजपेयी की प्रतिमा को लेकर खूब बवाल मचा था। कांसे के बजाय सीमेंट की प्रतिमा लगाने पर अधिकारी भी सस्पेंड हुए। रायगढ़ में भी मूर्ति को लेकर विवाद हुआ। लेकिन देश के राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की प्रतिमा का किसी को ध्यान नहीं है। महात्मा गांधी के नाम से बने किरोड़ीमल ट्रस्ट के नेत्र चिकित्सालय में लगी मूर्ति से तो मजाक किया जा रहा है।
रंग उखड़ चुकी प्रतिमा को काले गॉगल्स पहनाए गए हैं।सेठ किरोड़ीमल ने अशर्फी देवी महिला चिकित्सालय के बाजू में ही महात्मा गांधी नेत्र चिकित्सालय की स्थापना की। इसके सामने बरामदे में ही गांधीजी की एक आदमकद प्रतिमा भी स्थापित की गई है। देश के निर्माण में सबसे महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले राष्ट्रपिता महात्मा गांधी का नाम तो अस्पताल में अंकित हो गया, लेकिन उनकी प्रतिमा के साथ अब ठिठोली की जा रही है।
कई सालों से प्रतिमा जस की तस पड़ी हुई है। प्रतिमा के हाथ, पैर, सिर हर जगह का रंग उखड़ रहा है।प्रतिमा पर पक्षियों की बीट गिरी हुई है। धोती और गमछे का रंग बदल गया है। उस पर किसी ने प्रतिमा का मजाक उड़ाने के लिए काले गॉगल्स पहला दिए हैं। संभव है कि खबर प्रकाशित होने के तुरंत बाद काला चश्मा हटा दिया जाए, लेकिन बापू की प्रतिमा का खयाल नहीं करने वाले अब अटलजी की प्रतिमा को चकाचक रखने की बात कर रहे हैं।
नेत्र चिकित्सालय को तीन डॉक्टरों के हवाले किया गया है, लेकिन जनसेवा की दृष्टि से नहीं बल्कि किराए से कमाने की नीयत से।कब से नहीं हुई सफाईखुले में लगी हुई बापू की प्रतिमा की सफाई रोज होनी चाहिए। यहां अलग ही तरह का काम हो रहा है। संपत्ति से हो रही कमाई पर सबकी नजर है लेकिन बरामदे में लगी बापू की प्रतिमा को अनदेखा किया गया है। ऐसा लगता है कि कई महीनों से किसी ने प्रतिमा की ओर देखा तक नहीं है। नेत्र चिकित्सालय में महात्मा गांधी की एक बड़ी तस्वीर लगी होती थी।



