- पुराने बस डिपो के पास खाली प्लॉट में मिली थी खून से लथपथ लाश
रायगढ़। रामभांठा क्षेत्र में 16 वर्षीय किशोर की हत्या के मामले का कोतवाली पुलिस ने 24 घंटे के भीतर खुलासा करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, हत्या के पीछे लड़की से मिलने-जुलने को लेकर उपजा विवाद सामने आया है। आरोपी शिवम बानी का स्थानीय लड़की के प्रति एकतरफा लगाव था, जबकि किशोर का भी उस लड़की से कथित रूप से मिलना-जुलना था। इसी बात को लेकर विवाद के बाद आरोपियों ने पहले किशोर से उसका मोबाइल छीना और 1,000 रुपये मांगते हुए उसे पुराने बस डिपो की ओर ले गए। वहां विवाद बढ़ने पर दोनों ने पत्थर से उसके सिर पर कई वार किए, जिससे उसकी मौत हो गई। घटना के बाद दोनों मौके से फरार हो गए थे।
पुराने बस डिपो के पास खाली प्लॉट में मिला था शव
15 सितंबर की सुबह कोतवाली पुलिस को कोसाबाड़ी के सामने पुराने बस डिपो, रामभांठा स्थित संजय बेरीवाल के खाली प्लॉट में एक किशोर का शव पड़े होने की सूचना मिली। सूचना मिलते ही पुलिस अधिकारी, कोतवाली पुलिस टीम और फोरेंसिक टीम मौके पर पहुंची। घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण कर महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाए गए। मौके पर पहुंचे मृतक के पिता, जो मूलतः लैलूंगा के ग्राम घटगांव के निवासी हैं और पिछले चार साल से रामभांठा में रह रहे हैं, ने शव की पहचान अपने पुत्र के रूप में की।
परिजनों के मुताबिक, 14 सितंबर की रात करीब 9 बजे किशोर चक्रधर समारोह देखने जाने की बात कहकर घर से निकला था, लेकिन वापस नहीं लौटा। अगले दिन सुबह पुराने बस डिपो के पास शव मिलने की सूचना पर परिजन मौके पर पहुंचे। शव के सिर पर चोट के निशान पाए गए। पुलिस ने मर्ग कायम कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा और घटनास्थल से मिले साक्ष्यों के आधार पर अज्ञात आरोपी के खिलाफ अपराध क्रमांक 541/2026, धारा 103(1) BNS के तहत अपराध दर्ज किया।
गवाहों से पूछताछ के बाद संदिग्धों तक पहुंची पुलिस
वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी कोतवाली निरीक्षक अमित तिवारी के नेतृत्व में संदिग्धों की पतासाजी शुरू की गई। गवाहों से मिली जानकारी के आधार पर पुलिस ने मृतक के साथ आखिरी बार देखे गए युवकों को हिरासत में लेकर अलग-अलग पूछताछ की। पूछताछ में मृतक का बैकुंठपुर निवासी 20 वर्षीय शिवम बरेठ और 23 वर्षीय शिवम बानी के साथ बीती रात विवाद होने की जानकारी सामने आई। दोनों को तत्काल हिरासत में लिया गया। शुरुआत में दोनों ने घटना से इनकार किया, लेकिन पुलिस के मुताबिक पूछताछ और वैज्ञानिक तरीके से जांच आगे बढ़ाने पर दोनों ने घटना में अपनी भूमिका स्वीकार की और वारदात का पूरा विवरण बताया।
रामलीला मैदान से पुराने बस डिपो तक पहुंचा मामला
पुलिस के मुताबिक, 14 सितंबर को दोनों आरोपी रामलीला मैदान में चक्रधर समारोह देखने गए थे। वहां किशोर एक परिचित लड़की के साथ मौजूद था। इसी लड़की के प्रति आरोपी शिवम बानी का एकतरफा लगाव बताया जा रहा है। किशोर को लड़की के साथ देखने के बाद शिवम बानी ने उसे रामलीला मैदान के पास बुलाया। इसके बाद शिवम बरेठ ने किशोर का मोबाइल अपने पास रख लिया और 1,000 रुपये देने पर मोबाइल वापस करने की बात कही। इसके बाद दोनों आरोपी किशोर को उसके मोबाइल के साथ पुराने बस डिपो की ओर ले गए। पुलिस के अनुसार, वहां दोनों ने किशोर को लड़की से नहीं मिलने-जुलने की बात कहकर डराया-धमकाया। इसी दौरान विवाद बढ़ गया और दोनों ने पत्थर से किशोर के सिर पर कई वार कर दिए। हत्या के बाद दोनों मौके से फरार हो गए।
मोबाइल और रक्तरंजित कपड़े बरामद
पुलिस की गिरफ्त में आने के बाद आरोपी शिवम बरेठ की निशानदेही पर मृतक का मोबाइल बरामद किया गया। वहीं आरोपियों के मेमोरेडम के आधार पर घटना के समय पहने गए रक्तरंजित कपड़े भी जब्त किए गए हैं। पुलिस के मुताबिक, आरोपी शिवम बरेठ आदतन बदमाश प्रवृत्ति का है और उसके खिलाफ मारपीट के अन्य अपराध भी थाना कोतवाली में दर्ज हैं। दोनों आरोपियों को घटनास्थल पर ले जाकर क्राइम सीन का रिकंस्ट्रक्शन कराया गया और अन्य महत्वपूर्ण साक्ष्य भी जुटाए गए। दोनों आरोपियों को हत्या के अपराध में गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया जा रहा है, जहां से उन्हें रिमांड पर भेजे जाने की कार्रवाई की जाएगी।
गिरफ्तार आरोपी
1. शिवम बरेठ, पिता दिनेश बरेठ, उम्र 20 वर्ष, निवासी बैकुंठपुर, रायगढ़।
2. शिवम बानी, पिता संतराम बानी, उम्र 23 वर्ष, निवासी बैकुंठपुर, महावीर चौक, रायगढ़।
एसएसपी शशि मोहन सिंह का सख्त संदेश
एसएसपी शशि मोहन सिंह ने कहा कि कानून अपने हाथ में लेने और हिंसा का सहारा लेने वालों के विरुद्ध रायगढ़ पुलिस की कार्रवाई सख्त और प्रभावी रहेगी। हत्या जैसे गंभीर अपराध में त्वरित विवेचना, साक्ष्य संकलन और आरोपियों की गिरफ्तारी पुलिस की प्राथमिकता है। एसएसपी शशि मोहन सिंह के दिशा-निर्देशन, एडिशनल एसपी अनिल सोनी, सीएसपी मयंक मिश्रा के मार्गदर्शन तथा डीएसपी राहुल उईके के सुपरविजन में आरोपियों की पतासाजी और गिरफ्तारी की कार्रवाई की गई। मामले के खुलासे में थाना प्रभारी कोतवाली निरीक्षक अमित तिवारी, एसआई ऐनु कुमार देवांगन, प्रशिक्षु उप निरीक्षक हर्ष चन्द्राकर, आरक्षक कमलेश यादव, हरेन्द्र जगत, जितेन्द्र दुबे, सत्या यादव और कोमल तिवारी की महत्वपूर्ण भूमिका रही।




