रायगढ़

सरस्वती शिशु मंदिर लोचन नगर में अभिभावक सम्मेलन का आयोजन

रायगढ़। विद्या भारती के मार्गदर्शन तथा छत्तीसगढ़ शासन के निर्देशन पर बोर्ड परीक्षा के भैया बहनों का परीक्षा परिणाम गुणवत्तापूर्ण लाने के लिए छात्रों से संबंधित विभिन्न आयामों पर चर्चा हेतु सरस्वती शिशु मंदिर उच्च माध्यमिक विद्यालय लोचन नगर रायगढ़ में अभिभावक सम्मेलन आयोजित किया गया। इस सम्मेलन में अनेक अभिभावकों ने भाग लिया। इस अवसर पर अभिभावक बंधु,भगिनीअपने अपने भैया बहिन एवं हाई स्कूल में अध्यापन कार्य करने वाले आचार्य आचार्याओं संग विचार विमर्श करते हुए कमजोरी को गहन अध्ययन के साथ दूर करने का प्रयास करने की बात कही गई।


इस अभिभावक सम्मेलन में उपाध्यक्ष सरस्वती शिशु मंदिर रायगढ़ समिति एवं सरस्वती शिशु मंदिर लोचन नगर विद्यालय के प्रभारी श्री डी.पटनायक जी के साथ प्राचार्य कुबेर लाल माली समाज एवं वरिष्ठ आचार्य अंजनी श्रीवास्तव मंचासीन हुए। मंचीय परंपरा का निर्वाह करने के बाद प्राचार्य जी ने श्री डी.पटनायक जी का अभिभावकों से परिचय कराया उसके बाद सभी अभिभावकों को उनके शिशुओं की त्रैमासिक परीक्षा की उत्तर पुस्तिका दिखाई गई और उसमें की गई गलतियों पर विचार विमर्श हुआ। इसके बाद गत परीक्षा का परिणाम देखते हुए आगामी अर्धवार्षिक परीक्षा में गुणवत्तापूर्ण सुधार लाने के लिए विचार विमर्श किया गया और अभिभावकों को बताया गया कि कक्षा दशम के भैया बहिनों में से दो-दो भैया बहिन की कक्षा दशम् में अध्यापन करने वाले आचार्य को उनके विकास हेतु समस्त उत्तरदायित्व सौंपा गया है।

यह आचार्य उनके घर एवं विद्यालय की गतिविधियों पर विशेष ध्यान देकर सुधार लाने का प्रयास करेंगे। अभिभावकों ने भैया बहनों के अध्ययन संबंधी अनेक सार्थक सुझाव दिए जिसका आचार्य परिवार ने स्वागत करते हुए आत्मसात किया। इस अभिभावक सम्मेलन में निम्न बिंदुओं पर विशेष चर्चा हुई। मोबाइल का काम से कम उपयोग अध्ययन कार्य के लिए कराया जाए और छात्रों को इसके दुरुपयोग बताया जाए। गृह कार्य विशेष रूप से दिया जाए और उसकी नियमित जाँच की जाए।इसके बाद गणित विषय एवं भाषा विषयों पर विशेष ध्यान देकर सुधार कराया जाये। विशेष ध्यान दिया जाए कि विद्यालय में भैया बहनों की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित हो सके। इस पर दोनों मिलकर प्रयास करेंगे। इसके बाद प्राचार्य श्री कुबेर लाल माली जी ने आगंतुक अभिभावकों का हार्दिक आभार व्यक्त किया और उम्मीद की कि वह समय-समय पर विद्यालय आकर अपने भैया बहिनों के संबंध में विचार विमर्श करेंगे.इसके बाद कल्याण मंत्र द्वारा इस सम्मेलन का समापन हुआ।इस सम्मेलन में विचार विमर्श और सार्थक सुझाव प्रस्तुत कर आयोजन को सफल बनाने में आचार्य परिवार ने अति महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।उक्त जानकारी विद्यालय के प्रचार प्रसार विभाग के प्रमुख अंजनी श्रीवास्तव ने दी है।

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