“श्याम बरिहा ने अपने मामा गांव के दर्द को मीडिया के समक्ष रखा कहा पुलिया बना होता तो मेरा मामा का बेटा नहीं मरता “
“मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने चौपाल में लात नाला में पुलिया निर्माण के लिए किए थे घोषणा
लक्ष्मीनारायण लहरे, सारंगढ़
सारंगढ़ जिला मुख्यालय के सुदूर अंचल के गांव कनकबीरा में सुशासन तिहार के अंतिम चरण में छत्तीसगढ़ के मुखिया विष्णु देव साय हेलिकॉप्टर से ,27मई 2025को पहुंचे हुए थे गुलमोहर पेड़ के नीचे अपनी जन चौपाल का कार्यक्रम हुआ था बिंझवार समाज के कुल देवी विंध्यवासिनी की मन्दिर में पूजा अर्चना कर आशीर्वाद लिए थे । जन चौपाल में कनकबीरा में पंचायत भवन , कन्या छात्रावास , कनकबीरा ग्राम पंचायत के आश्रित गांव नरगीखोल पहुंच मार्ग में लात नाला पर पुलिया निर्माण की घोषणा कर बरसों से समस्या से जूझ रहे ग्रामीणों को सौगात दिए थे ।
सारंगढ़ अंचल के सुदूर अंचल कनकबीरा ग्राम पंचायत के आश्रित गांव नरगीखोल के लोग बरसात के 04 माह समस्याओं से जूझकर लात नाला पारकर आते जाते हैं यह बड़ी समस्या है।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय 27 मई 2025 को चौपाल कार्यक्रम में पहुंचे हुए थे तो पुलिया निर्माण की घोषणा किए थे लोगों को बड़ी उम्मीद है आने वाले समय में इस समस्या से दो चार नहीं होना पड़ेगा और लात नाला पर करोड़ों की लागत से पुलिया निर्माण होगा ।

लात नाले की समस्या बनी हुई है उससे ग्रामीणों में आने जाने में बरसों से परेशानी हो रही है वह खत्म हो जाएगी इस वर्ष भी ग्रामीणों को समस्या का सामना करना पड़ा । श्याम बरिहा ने अपने मामा गांव के दर्द को बया करते हुए बताया कि बचपन से मै अपने मामा घर नरगीखोल आ रहा हूं आज मेरी उम्र 40 वर्ष हो गई यहां की समस्या नहीं सुधरी लात नाले में पुलिया बन गया होता तो मेरे मामा के बेटे को सही समय में इलाज मिल गया होता तो वह नहीं मरता यह दुखत समय है ।

सारंगढ़ मुख्यालय के सुदूर अंचल कनकबीरा ग्राम पंचायत के आश्रित गांव नरगीखोल को मुख्य गांव से 03 किलोमीटर जंगल में है जहां पहुंचने के लिए लात नाले को पार कर जाना पड़ता है बरसात के महीनों में यह गांव मुख्य गांव से संबंध टूट जाता है लोग मेड पार होकर गांव पहुंचते हैं यहां प्राथमिक शाला और आंगनबाड़ी केंद्र है लगभग 30 परिवार के लोग निवासरत हैं जो लंबे समय से इस समय से जूझ रहे हैं यहां बरसात के दिनों में चार पहिया वाहन नहीं पहुंच पाती है किसी तरह लोग पगडंडी रास्ते से कनकबीरा आते हैं और शहर से जुड़ते हैं । इस गांव पहुंचने के लिए दो रास्ते है सालर सेमरा नाला से 04 किलोमीटर और कनकबीरा बाजार मार्ग से 03 किलोमीटर की दूरी पड़ती है गांव पहुंचने के लिए लात नाला को पार करना पड़ता है । समय रहते ग्राम वासियों की इस बड़ी समस्या से शासन प्रशासन को ध्यान देने की जरूरत है लात नाला नरगीखोल गांव के लिए अभिसाफ से कम नहीं है ।





